Nitish Kumar
Nitish Kumar

अब गांवों में डोर टू डोर कचरा उठाव होगा। सभी गांवों में यह योजना 2 अक्टूबर से शुरू की जाएगी। पंचायती राज विभाग के प्रधान सचिव अमृत लाल मीणा ने सभी जिलाधिकारियों को 2 अक्टूबर से सभी गांवों में ठोस अपशिष्ट के निष्पादन की योजना लागू करने का निर्देश दिया है।

सभी घरों को सूखा और गीला कचरा के लिए अलग-अलग डस्टबिन उपलब्ध कराया जाएगा। ग्राम पंचायत के दो वार्डों पर स्वच्छता कर्मी और कार्ट (गाड़ी) उपलब्ध कराया जाएगा। हर ग्राम पंचायत में वर्मी कंपोस्ट बनाने की इकाई लगाई जाएगी। ग्राम पंचायतों को संग्रहण स्थल के चयन और प्रबंधन की जिम्मेवारी सौंपी गई है।

ग्राम पंचायतें निर्धारित कर सकेंगी शुल्क
ग्राम पंचायतें आम सहमति से स्वच्छता शुल्क का निर्धारण और वसूली कर सकेंगी। इस योजना पर आने वाला खर्च ग्रामीण पंचायतों को अपने संसाधनों से करना होगा। इसके अलावा 14वें वित्त आयोग और पंचम वित्त आयोग से मिलने वाले अनुदान की राशि भी खर्च की जा सकती है।