पूर्वी लद्दाख की गलवां घाटी में भारत और चीन के जवानों के बीच झड़प अभी भी जारी है | दोनों देशों की सेनाओं को नुकसान झेलना पड़ा है | भारत ने अब तक 20 से ज्यादा जवान खो दिए हैं | चीन की तरफ से मरनेवालों की संख्या की पुष्टि अभी तक नहीं हो पाई है |

सोमवार रात को हुई झड़प में बिहार के सिपाही कुंदन कुमार भी शहीद हो गए। इस झड़प में भारतीय सेना के 20 जवान शहीद हुए हैं। अपने देश की अखंडता और संप्रभुता को सुरक्षित रखने के लिए किसान निमेन्द्र यादव के बेटे कुंदन वीरगति को प्राप्त हुए। मंगलवार की रात करीब दस बजे सेना के अधिकारी ने पिता को फोन कर उनके बेटे के शहीद होने की जानकारी दी। 

शहीद सैनिक कुंदन कुमार जिले के विशनपुर पंचायत के आरण गांव के रहने वाले थे। बेटे की शहादत की खबर मिलते ही गांव का माहौल गमगीन हो उठा। गांव के लोग स्तब्ध हैं।शहीद कंदन कुमार के परिवार मे उनके माता पिता के अलावा उनकी पत्नी बेबी तथा दो बच्चे भी हैं |

झड़प में जान गंवाने की खबर के बाद उनके परिवारजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। वहीं, कुंदन कुमार के पिता ने कहा कि उन्हें अपने बेटे की शहादत पर गर्व है। मेरे बेटे ने राष्ट्र के लिए अपना बलिदान दिया। मेरे दो पोते हैं, मैं उन्हें भी सेना में भेजूंगा।

अब राज्य मे कुछ राजनीतिक दलों द्वारा ये मांग की जा रही है कि उनके परिवार के सदस्य को सरकार नौकरी मुहैया कराए | कुछ नेताओं ने चीनी सामान के बहिष्कार की बात भी की है |