बिहार विधानसभा चुनाव से ठीक पहले बिहार की राजनीति गर्म होती दिखाई दे रही है | बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की रैली के बाद चुनावी रणनीतिकार प्रशांत किशोर ने इस रैली पर तंज कसा। प्रशांत किशोर ने तीखे शब्दों मे नीतीश सरकार की आलोचना करते हुए कहा कि करीब 15 साल तक सीएम नीतीश कुमार के ‘सुशासन’ के बावजूद बिहार देश का सबसे पिछड़ा और गरीब राज्‍य बना हुआ है। उन्‍होंने कहा कि नीतीश कुमार ने अपनी रैली में दिल्‍ली हिंसा पर शब्‍द भी नहीं कहा।

पीके ने ट्वीट कर कहा, ‘पटना में जेडीयू वर्कर्स की भारी भीड़ को संबोधित करते हुए नीतीश कुमार ने 200 सीटें जीतने का दावा किया लेकिन यह नहीं बताया कि 15 साल के उनके सुशासन के बावजूद बिहार आज भी देश का सबसे पिछड़ा और गरीब राज्य क्यों हैं? साथ ही उनकी तरफ से यह गलत रहा कि उन्‍होंने दिल्‍ली हिंसा पर एक भी शब्‍द नहीं बोला।’

विधानसभा चुनाव में 200 से ज्‍यादा सीटें जीतेंगे

बता दें कि रविवार को नीतीश कुमार ने सभी अटकलों पर विराम देते हुए अपने जन्‍मदिन पर ऐलान किया था कि उनकी पार्टी जेडीयू एनडीए के साथ मिलकर आगामी विधानसभा चुनाव लड़ेगी। उन्‍होंने दावा किया कि एनडीए विधानसभा चुनाव में 200 से ज्‍यादा सीटें जीतेगी। नीतीश ने कहा कि आरजेडी और कांग्रेस ने अल्‍पसंख्‍यकों से वोट लिए लेकिन काम हमने उनके लिए किया।

नीतीश ने जेडीयू कार्यकर्ताओं की रैली में कहा, ‘हम आगामी विधानसभा चुनाव एनडीए के साथ मिलकर लड़ेंगे और 200 से ज्‍यादा सीटों पर जीत दर्ज करेंगे।’ उन्‍होंने कार्यकर्ताओं का आह्वान किया कि वे एनडीए को बिहार विधानसभा चुनाव में 200 से ज्यादा सीटें जिताने का संकल्प लें। नीतीश ने कहा कि जहां तक एनपीआर की बात तो राज्‍य में यह वर्ष 2010 के फार्मेट के आधार पर होगा और इस संबंध में हमने बिहार विधानसभा में एक प्रस्‍ताव भी पारित किया है।

पहले भी पीके ने नीतीश पर बोला था हमला

पिछले दिनों पटना में प्रशांत किशोर जनता दल यूनाइटेड (जेडीयू) से बर्खास्त होने के बाद पहली बार मीडिया से मुखातिब हुए थे। इस दौरान उन्‍होंने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और उनकी सरकार के कामकाज पर जमकर निशाना साधा था। उन्‍होंने कहा कि नीतीश ने 15 सालों में विकास तो किया, उनके विकास कार्य लोगों के जीवन में आमूल-चूल परिवर्तन लाने वाले नहीं रहे।